Budaun News: कछला गंगाघाट पर नाविक भिड़े, एक की सरियों से पीटकर हत्या
उझानी (बदायूं)। कछला गंगाघाट पर तीर्थ यात्रियों को अपनी नावों पर बैठाने को लेकर बृहस्पतिवार अपराह्न नाविक आपस में भिड़ गए। एक पक्ष ने दूसरे पक्ष के कमर हसन (28 वर्ष) पर सरियों और डंडों से हमला कर दिया। सिर पर कई प्रहार होने से कमर की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद हमलावर फरार हो गए। सूचना पाकर कमर के परिजन घाट पर पहुंचे। एक ही परिवार के छह आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। हमलावर पक्ष के एक युवक के भी घायल होने की सूचना है।
घटना कासगंज जिले के छोर वाले घाट पर बृहस्पतिवार अपराह्न करीब चार बजे हुई। गंगाघाट से सटे गांव पंखिया नगला निवासी कई युवक नाव चलाते हैं। कमर हसन भी नाव चलाकर परिवार का पालन-पोषण करता था। दोपहर में गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं की खासी भीड़ थी। उनको नावों में बैठाने के लिए नाविक आवाज लगा रहे थे। इसी बीच पंखियनगला के ही अन्य नाविक हसना और कमर में कहासुनी हो गई। इसके बाद हसना ने अपने परिजनों को बुला लिया। इन लोगों ने कमर हसन पर सरियों व डंडों से हमला कर दिया।
सिर पर चोट लगने से लहूलुहान कमर हसन वहीं गिर पड़ा। परिजन पहुंचते, इससे पहले ही कमर हसन ने दम तोड़ दिया। उसके पिता अनीस अहमद ने बताया कि कमर के चोट खाकर गिरने के बाद भी हमलावर सरियों से प्रहार करते रहे। कछला चौकी इंचार्ज दिनेश कुमार तिवारी ने हमलावरों के घरों पर दबिश भी दी। हालांकि देर शाम तक कोई आरोपी हाथ नहीं आया। प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस पंखिया नगला में डटी हुई है। इधर, हत्या के बाद से मृतक कमर के परिजन बदहवास हैं। कमर की तीन बेटियां हैं।
कमर हसन की हत्या के दौरान एक हमलावर के भी घायल होने की सूच है। उसे अपने साथियों का ही डंडा लगा या वह कमर हसन को मारते वक्त नाव के पास गिर पड़ा, इसे लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार ने बताया कि आरोपी पक्ष का एक युवक भी घायल है। वह कहां इलाज करा रहा, इसका पता देर शाम तक नहीं चला।
भाई की तहरीर पर छह हमलावर नामजद
अस्पताल पहुंचे कमर के भाई सरताज ने पुलिस को घटना की जानकारी दी और तहरीर भी सौंपी। प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर हमलावरों में हसन और लाल मियां पुत्रगण जागन, जागन पुत्र लाल खां, ताहिर पुत्र साबिर, इकराम पुत्र इरफान और भूरे पुत्र निहालुद्दीन को नामजद किया गया है। सभी हमलावर एक ही परिवार के हैं।
इंस्पेक्टर बोले- इलाज न मिलने से हुई कमर की मौत
घटनास्थल पर पहुंचे प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार सिंह ने बताया कि दोनों पक्ष में श्रद्धालुओं को नाव में बैठाने को लेकर कहासुनी हुई थी। कमर हसन पिटाई से घायल हो गया। परिवार के लोग उसे निजी वाहन से पहले सोरों की ओर ले गए, फिर वापस उझानी ले आए। इलाज नहीं मिलने की वजह से कमर की रास्ते में ही मौत हो गई।
वर्चस्व को लेकर पहले भी टकराते रहे हैं नाविक
उझानी (बदायूं)। कछला गंगाघाट पर नाविकों के बीच काफी पहले से चल रही वर्चस्व की जंग का नतीजा बताई जा रही है। नाविकों के बीच कहासुनी और मारपीट तो आम बात हो चुकी है। विशेष स्नान पर्वों पर तीर्थ यात्रियों को भी झगड़े का सामना करना पड़ जाता है। गंगाघाट पर पंखिया नगला के मुस्लिम नाविकों की संख्या सर्वाधिक है। हालांकि कश्यप समाज के लोग भी नाव चलाते हैं, लेकिन उनकी संख्या काफी कम है।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर मौजूद कमर हसन के पिता अनीस ने बताया कि हमलावरों की घाट पर दबंगई काफी पहले से है। अगर कोई इन दबंग नाविकों का विरोध करता है, उसकी पिटाई कर देते हैं।। उनके बेटे की तो जान ही ले ली। पूर्णिमा और विशेष स्नान पर्व पर श्रद्धालुओं की संख्या अधिक होती है तब दबंग नाविक उनको दूसरों की नावों में नहीं बैठने देते। हसना की नाव में हमेशा सरिया रखी रहती है। कमर के भाई सरताज ने बताया कि हमलावरों की संख्या चार से अधिक थी।