Budaun News: प्रधान के अधिकार सीज होने के बाद गांव में तीन सदस्यीय समिति गठित
– ग्राम पंचायत मुंसिया नगला का मामला, सचिव को नोटिस जारी
संवाद न्यूज एजेंसी
दबतोरी (बदायूं)। सरकारी पैसे के गबन के मामले में ग्राम प्रधान के अधिकार सीज होने के बाद तीन सदस्यीय समिति गठित की गई है। इसकी विस्तृत जांच सहायक अभियंता आरईडी और भूमि सरंक्षण अधिकारी कर रहे हैं। इसकी जांच रिपोर्ट आने तक समिति ही ग्राम पंचायत के विकास कार्य देखेगी।
आसफपुर ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत मुंसिया नगला के ग्रामीणों ने दो माह पहले ग्राम प्रधान और सचिव पर सरकारी पैसे के गबन का आरोप लगाते हुए शिकायत की थी। इसकी प्राथमिक जांच डीपीआरओ श्रेया मिश्रा ने की थी। उनकी जांच में करीब छह लाख रुपये का गबन पाया गया था।
जांच रिपोर्ट के आधार पर ग्राम प्रधान मनोरमा के अधिकार सीज कर दिए गए थे और पंचायत सचिव गौस खां को कारण बताओ नोटिस दिया गया था। इसके अलावा सचिव पर कोई कार्रवाई नहीं की गई थी। अब इस मामले में समिति के सदस्य उमेश चंद्र को अध्यक्ष बनाते हुए ग्राम प्रधान के अधिकार दिए गए हैं। इस समिति में सदस्य पार्वती और लालाराम को शामिल किया गया है।
डीएम मनोज कुमार ने आदेश दिया है कि जब तक मामले की जांच होगी, तब तक उमेश चंद्र प्रधान पद के दायित्वों को सचिव के साथ निभाएंगें। इसकी विस्तृत जांच सहायक अभियंता आरईडी और भूमि सरंक्षण अधिकारी कर रहे हैं। उन्हें एक माह में जांच कर इसकी रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है।