Pilibhit News: कचहरी की सुरक्षा पर सवाल… कोई रोकता न टोकता

जजी परिसर के प्रथम गेट पर लगाया गया मेटल डिटेक्टर। संवाद
लखनऊ में जीवा हत्याकांड के बाद नहीं दिखी सतर्कता, वाहनों की पार्किंग पर था पुलिसकर्मियों का ध्यान
दो प्रवेशद्वार, एक मेटल डिटेक्टर, बीप के बाद भी कोई चेक नहीं करता
संवाद न्यूज एजेंसी
पीलीभीत। लखनऊ हाईकोर्ट में हिस्ट्रीशीटर जीवा की हत्या के बाद जहां प्रदेश के अन्य जनपदों में कचहरी में विशेष सतर्कता बरती गई वहीं यहां जजी परिसर में अधिवक्ताओं की सुरक्षा को लेकर कोई चौकसी नहीं दिखी। सुरक्षा के नाम पर सिर्फ औपचारिकता निभाई गई। एक द्वार पर मेटल डिटेक्टर लगा था, वहां भी चेकिंग के लिए कोई नहीं दिखा।
बता दें कि यहां कचहरी परिसर के दो द्वारों में एक पर मेटल डिटेक्टर लगा है, लेकिन यहां भी कोई चेकिंग नहीं होती। मशीन बिप करती रहती है और लोग यूं ही चले जाते हैं। जेब में क्या है कोई चेक नहीं करता। इतना ही नहीं साइड से भी निकलने के लिए रास्ता है। अधिकांश लोग साइड से निकल जाते हैं।
कहने को जजी परिसर में पुलिस फोर्स तैनात रहती है लेकिन यहां कभी कोई चौकसी करता नजर नहीं आता। एक बेंच पर कुछेक पुलिसकर्मी बैठे रहते हैं जो सिर्फ वाहनों को सही से लगवाने का काम करते नजर आते हैं। ऐसे में कोई भी व्यक्ति कचहरी परिसर में प्रवेश कर सकता है। ऐसे में डेढ़ महीने पहले ही एक अभियुक्त यहां से फरार भी हो गया था।
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मेटल डिटेक्टर लगाकर सिर्फ खानापूर्ति की गई है। लोग साइड से निकल जाते हैं। उनसे कोई पूछने वाला नहीं है। ऐसे में मेटल डिटेक्टर का भी कोई मतलब नहीं रह जाता।
-भारत भूषण पांडे, अधिवक्ता
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मेटल डिटेक्टर को तो सिर्फ नाम के लिए लगाया गया है। परिसर में सुरक्षा के नाम पर किसी तरह का इंतजाम नहीं है। पुलिस को मुस्तैदी से ड्यूटी करनी चाहिए।
– अखिलेश शर्मा, अधिवक्ता
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सिर्फ एक गेट पर मेटल डिटेक्टर लगाने से कोई फायदा नहीं है। जबकि लोग दूसरे गेट से भी लोग प्रवेश करते हैं। जरूरी है कि ऐसी व्यवस्था हो, जिससे एक गेट से सिर्फ विभागीय और बाकी से अन्य लोग निकलें।
– राजेश शर्मा, अधिवक्ता।
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गेट से लेकर जजों के कमरों तक कोई भी आदमी आसानी से आ-जा सकता है। चेकिंग के नाम पर कुछ भी नहीं है। प्रदेेश में कोर्ट रूम में कई घटनाएं सामने आ चुकी है। पुलिस को सतर्कता बरतनी होगी।
– धीरेंद्र मिश्रा, अधिवक्ता
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अदालत की सुरक्षा का खींचा गया खाका
पीलीभीत। लखनऊ की घटना के बाद बृहस्पतिवार का जिला जज के यहां सीओ सदर प्रतीक दहिया व कोतवाली पुलिस पहुंची। इसके अलावा सेंट्रल, सिविल और संयुक्त बारों के पदाधिकारियों के साथ जिला जज सुधीर कुमार ने बैठक की। बैठक में कचहरी परिसर की सुरक्षा को लेकर चर्चा की गई। बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने भी अपने सुझाव रखे। सीओ ने जिला जज को कचहरी परिसर में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था मुहैया कराने का आश्वासन दिया। संवाद
कचहरी में सुरक्षा के लिए रोजाना पुलिस कर्मियों की ड्यूटी लगती है। सुरक्षा को लेकर और मजबूत रणनीति बनाई जा रही है। इसमें अधिवक्ताओं का भी सहयोग लिया जाएगा।
– अनिल कुुमार, एएसपी

जजी परिसर के प्रथम गेट पर लगाया गया मेटल डिटेक्टर। संवाद

जजी परिसर के प्रथम गेट पर लगाया गया मेटल डिटेक्टर। संवाद

जजी परिसर के प्रथम गेट पर लगाया गया मेटल डिटेक्टर। संवाद

जजी परिसर के प्रथम गेट पर लगाया गया मेटल डिटेक्टर। संवाद

