Pilibhit News: रियल टाइम अटेंडेस का विरोध लेकिन रजिस्टर डिजिटल कर रहे शिक्षक
लखीमपुर खीरी। परिषदीय स्कूलों में तैनात शिक्षक भले ही रियल टाइम अटेंडेंस का विरोध कर रहे हों, लेकिन स्कूल के दस्तावेजों को डिजिटल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। 20 नवंबर से शुरू हुए अभियान के बाद से अब तक सात हजार से ज्यादा शिक्षकों ने पोर्टल पर लॉगइन किया है। परिषदीय स्कूलों में रिकॉर्ड में प्रयोग होने वाले 12 रजिस्टरों को डिजिटल करने की कवायद शुरू हो गई है। शिक्षकों ने इसको लेकर पोर्टल पर लॉगइन करते हुए डाटा अपलोड करना शुरू कर दिया है। डाटा अपलोड करने के बाद इन रजिस्टर को भी संभालकर रखना है। वहीं, अपलोडिंग में कई तकनीकी समस्याएं भी हैं। इसको लेकर पोर्टल पर डाटा अपलोड करने के लिए विभाग अब शिक्षकों को प्रशिक्षण देगा। बीएसए प्रवीण कुमार तिवारी ने बताया कि प्रशिक्षण के बाद शिक्षकों को किसी तरह की कोई परेशानी नहीं होगी।
शिक्षकों पर पड़ा दोहरा भार
बच्चों की उपस्थिति पंजिका, प्रवेश पंजिका, कक्षावार छात्र उपस्थिति पंजिका, एमडीएम पंजिका, समेकित निशुल्क सामग्री वितरण पंजिका, स्टॉक पंजिका, आय-व्यय व चेक इश्यू पंजिका, बैठक पंजिका, निरीक्षण पंजिका, पत्र व्यवहार पंजिका, बाल गणना पंजिका के अलावा पुस्तकालय एवं खेलकूद पंजिका को भी डिजिटल किया जाना था। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, जब तक ऑनलाइन करने की प्रक्रिया पूरी तरह से सही नहीं चल रही, तब तक ऑफलाइन रजिस्टरों को भी मेंटेन करना होगा।
शुक्रवार को कुछ शिक्षकों ने यू-ट्यूब सेशन में प्रशिक्षण प्राप्त किया है। कुल 3106 परिषदीय स्कूलों का संचालन किया जा रहा है। इन स्कूलों में 8892 शिक्षक-शिक्षिकाएं, 3228 शिक्षामित्र व 875 अनुदेशकों की तैनाती है। भले ही शिक्षक रियल टाइम अटेंडेंस का विराेध कर रहे हों, लेकिन रजिस्टरों को आनलाइन करने में दिलचस्पी दिखा रहे हैं।
प्रवीण कुमार तिवारी, बीएसए